NPCI ने चुनिंदा मर्चेंट UPI भुगतानों पर MDR दिवाली के बाद तक टाला
· Diwa Bonus न्यूज़ डेस्क

क्या हुआ
नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने 13 अक्टूबर 2026 को बताया कि चुनिंदा पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) UPI लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) अब 15 अक्टूबर से लागू नहीं होगा। Business Standard, CNBC TV18 और Mint की रिपोर्टों के अनुसार NPCI के बयान में कहा गया कि UPI and Services Steering Committee ने त्योहारों के मौसम को ध्यान में रखकर तय किया है कि यह शुल्क दिवाली के तुरंत बाद लागू होगा, और इसकी तारीख अलग से अधिसूचित की जाएगी। यानी फ़्रेमवर्क रद्द नहीं हुआ है, सिर्फ़ उसकी शुरुआत आगे खिसकी है।
MDR वह शुल्क है जो कोई दुकानदार या मर्चेंट डिजिटल भुगतान प्रोसेस करने वाले बैंक और पेमेंट कंपनी को देता है। यह ग्राहक से अलग से वसूला जाने वाला टैक्स नहीं है। Mint के अनुसार इस साल दिवाली 8 नवंबर को है, और NPCI के बयान में कोई नई तारीख नहीं बताई गई।
मुख्य तथ्य और आंकड़े
- प्रस्तावित दर: 2,000 रुपये से ऊपर के चुनिंदा P2M UPI भुगतानों पर 0.40 प्रतिशत MDR।
- ऊपरी सीमा: CNBC TV18 और Mint के मुताबिक 75,000 रुपये और उससे बड़े लेनदेन पर MDR अधिकतम 300 रुपये प्रति लेनदेन।
- फ़्लैट शुल्क: कुछ श्रेणियों, जैसे रेलवे, टेलीकॉम, बीमा, ईंधन और कृषि इनपुट, में 2,000 रुपये से ऊपर के भुगतान पर 5 रुपये प्रति लेनदेन।
- क्या मुफ़्त रहेगा: व्यक्ति से व्यक्ति (P2P) ट्रांसफ़र और 2,000 रुपये तक के मर्चेंट भुगतान।
- बाज़ार पर असर: CNBC TV18 के अनुसार 13 अक्टूबर को Paytm, Pine Labs और MobiKwik के शेयर 7 प्रतिशत तक गिरे, फिर NPCI के बयान के बाद संभले।
- व्यापारियों की राय: Mint के अनुसार CAIT के राष्ट्रीय महासचिव Praveen Khandelwal ने इस फ़ैसले को त्योहार और शादी के सीज़न में व्यावहारिक कदम बताया।
Business Standard ने यह भी लिखा कि खुदरा व्यापारी संगठनों ने 2 अक्टूबर को “No UPI Day” का आह्वान किया था, जिसे वित्त मंत्री से मुलाकात के बाद वापस ले लिया गया था।
Diwa/Yono गेम खेलने वालों के लिए इसका मतलब
Diwa और Yono फैमिली के बहुत से ऐप्स के बारे में लोग UPI भुगतान से जुड़े सवाल पूछते हैं, इसलिए इस खबर को सही संदर्भ में समझना ज़रूरी है। पहली बात, यह बदलाव मर्चेंट की तरफ़ लगने वाले शुल्क से जुड़ा है। आम ग्राहक के आपसी ट्रांसफ़र पर इसका असर नहीं बताया गया है। दूसरी बात, Promotion and Regulation of Online Gaming Act, 2025 के तहत भारत में ऑनलाइन मनी गेम्स की पेशकश और उनसे जुड़े भुगतान की सुविधा देना प्रतिबंधित है। इसलिए किसी गेम ऐप के लिए UPI से पैसा भेजने का सवाल MDR से पहले कानून का सवाल है।
तीसरी बात, ऐसे बदलावों के समय अक्सर ठग नकली संदेश भेजते हैं, जैसे “UPI चार्ज से बचने के लिए यह लिंक खोलें” या “नया शुल्क भरें”। NPCI ने ग्राहकों से ऐसी किसी फ़ीस की माँग की बात नहीं कही है। नई तारीख की जानकारी NPCI की आधिकारिक वेबसाइट या अपने बैंक से ही लें।
सुरक्षा सलाह
- पहले कानून जाँचें: किसी भी गेम ऐप में पैसा लगाने से पहले देख लें कि आपके राज्य और केंद्र के कानून के तहत वह अनुमति में है या नहीं।
- 18+ नियम: किसी भी गेमिंग ऐप का इस्तेमाल सिर्फ़ वयस्क ही करें, और बच्चों के फ़ोन में ऐसे ऐप्स न रहने दें।
- OTP और UPI PIN: अपना OTP, UPI PIN या कार्ड की जानकारी किसी को न बताएँ, चाहे सामने वाला खुद को बैंक, NPCI या ऐप का कर्मचारी बताए।
- अनजान लिंक से बचें: MDR या “UPI शुल्क” के नाम पर आए SMS, WhatsApp लिंक या APK फ़ाइल न खोलें।
- पैसे माँगने वाले कलेक्ट रिक्वेस्ट: पैसा पाने के लिए PIN डालने की ज़रूरत नहीं होती। ऐसा अनुरोध दिखे तो उसे अस्वीकार करें।
- शिकायत: ठगी होने पर तुरंत 1930 हेल्पलाइन या cybercrime.gov.in पर शिकायत करें और अपने बैंक को सूचित करें।
हम इस मामले पर नज़र रखेंगे। NPCI की ओर से नई तारीख घोषित होने पर यह जानकारी अपडेट की जाएगी।
ऐसी और ख़बरों के लिए Diwa Bonus देखते रहें। इस UPI MDR दिवाली के बाद तक टला: NPCI का फैसला ख़बर को सेव करें और Diwa Bonus की ताज़ा ख़बरें भी पढ़ें।
स्रोत
- UPI MDR deferred until after Diwali, new date to be notified: NPCI — Business Standard, 2026-10-13
- UPI MDR rollout deferred to post-Diwali, NPCI says; new date to be announced separately — CNBC TV18, 2026-10-13
- UPI transactions above Rs 2,000: 0.40% MDR pushed until after Diwali, says NPCI — Mint, 2026-10-13